हमारा विद्यालय – हमारा स्वाभिमान" : थांदला के कन्या शिक्षा परिसर मोरझरी में विद्यार्थियों और शिक्षकों ने लिया संकल्प
राजेश डामर
थांदला।
01 सितंबर 2025 का दिन पूरे देश के लिए ऐतिहासिक साबित हुआ, जब भारतभर के लाखों विद्यालयों में एक साथ "हमारा विद्यालय – हमारा स्वाभिमान" का उदघोष गूंजा। इसी कड़ी में थांदला स्थित कन्या शिक्षा परिसर की छात्राओं और शिक्षकों ने भी इस अभियान में सहभागिता करते हुए संकल्प लिया।
विद्यालय परिसर में आयोजित कार्यक्रम में विद्यार्थियों और शिक्षकों ने यह शपथ ली कि वे मिलकर विद्यालय को स्वच्छ, अनुशासित, हरित और प्रेरणादायी बनाएंगे। साथ ही विद्यालय की सम्पत्ति और समय को राष्ट्रधन मानकर उनका विवेकपूर्ण उपयोग करेंगे।
संकल्प में यह भी तय किया गया कि विद्यालय का वातावरण भेदभाव रहित होगा और सभी छात्र-छात्राएँ समान अवसर पाएंगे। शिक्षा को केवल ज्ञान प्राप्ति का माध्यम न मानते हुए चरित्र निर्माण, आत्मनिर्भरता तथा समाज-सेवा का साधन बनाने पर जोर दिया गया।
कार्यक्रम में यह संदेश दिया गया कि विद्यालय केवल एक संस्था नहीं, बल्कि संस्कारों का तीर्थ है जहाँ से सेवा, समर्पण और संस्कारों की अमूल्य धारा बहती है।
इस अवसर पर संस्था के प्राचार्य राजेंद्र कुमार मोरिया, विपिन कुमार बामनिया (व्याख्याता), प्रभातसिंह देवलिया (माध्यमिक शिक्षक), श्रीमती रेखा देवल (अधीक्षिका) सहित अन्य शिक्षकगण उपस्थित रहे।
विद्यालय परिवार ने एक स्वर में कहा –
"हमारा विद्यालय – हमारा तीर्थ है, हमारी आत्मा का अभिमान है और राष्ट्र-निर्माण का आधार है।"

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